पुरोला में बादल फटने से नुकसान
Sanghol Times/उत्तरकाशी/Om Raturi/21.07.2023 – उत्तरकाशी जिलें में शुक्रवार देर रात्रि अगल-अलग जगहों पर अतिवृष्टि से भारी नुकसान की आंशका है। डुंडा तहसील के अन्तर्गत धौन्तरी गांव के ऊपर भू धंसाव होने से मनीराम बहुगुणा, बुद्धि प्रकाश बहुगुणा कीर्ति प्रसाद बहुगुणा के भवन के अंदर मलवा घुस रखा है ।
जिलाधिकारी ने पुरोला ब्लाक के सभी स्कूलों में आज छुट्टी घोषित कर दी है। खरादी और छटांगा में आॅल वेदर रोड पर भारी मलबा आने से यमुनोत्री हाईवे बंद है।
पुरोला में देर रात बादल फटने से छाड़ा खड्ड उफान पर आ गया, जिससे पुरोला नगर पंचायत के वार्ड नं 3 व 4 में कुछ भवनों, वाहनों, सड़क आदि को क्षति पहुंची है। छाड़ा खड््ड में भारी मात्रा में पानी आने से भूस्खलन और भूमि कटाव भी हुआ। कुछ घरों और दुकानों में मलबा घुस गया।
घटना की जानकारी मिलते ही तत्काल देर रात प्रशासनिक टीम और एसडीआरएफ के कर्मियों ने मौके पर पहुंचकर प्रभावित लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया। कोई जनहानि नहीं हुई है।
गंगनानी में मलबा आने से यमुनोत्री हाईवे बंद है। मबला लगभग 30 मीटर की लम्बाई में फैला हुआ है।
उधर, बड़कोट के निकट गंगनानी में भूस्खलन के मलबा से कुछ टूरिस्ट कॉटेज क्षतिग्रस्त हुए हैं और कस्तूरबा गांधी बालिका आवासीय विद्यालय परिसर में भी मलबा घुस गया।
पुरोला में
भूस्खलन के कारण मलबा आने से हुआ नुकसान।
विद्यालय के दोनों और नालों का पानी बढ़ने के कारण बच्चों की सुरक्षा के दृष्टिगत एसडीआरएफ तथा अग्निशमन की टीम रात्रि में तत्काल मौके पर भेजी गई। सभी बच्चे सुरक्षित हैं।
डुंडा तहसील के अन्तर्गत धौन्तरी गांव के ऊपर भू धंसाव होने से मनीराम बहुगुणा, बुद्धि प्रकाश बहुगुणा कीर्ति प्रसाद बहुगुणा के भवन के अंदर मलवा घुस रखा है । अन्य किसी प्रकार की जन-धन की हानि नही हुई। प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची हुई है।
उप जिलाधिकारी पुरोला देवानन्द शर्मा और उपजिलाधिकारी बड़कोट जितेंद्र कुमार पुलिस तथा प्रशासन और एसडीआरएफ की टीमों के साथ मौके पर मौजूद हैं। देर रात करीब ढाई बजे हुई इन घटनाओं की जानकारी मिलते ही जिलाधिकारी अभिषेक रूहेला ने दोनों एसडीएम को तत्काल समबन्धित विभागों के कर्मियों के साथ मौके पर निरीक्षण करने और प्रभावितों की मदद करने के निर्देश दिए।
जिलाधिकारी ने तत्काल कारवाई करते हुए सभी सेवाओं को सुचारू करने की शुरुआत करने सहित इन घटनाओं मे हुई क्षति का आंकलन कर आख्या प्रस्तुत करने और अनुमन्य राहत राशि का वितरण अविलंब करने की हिदायत भी दी है।